Subscribe to:
Post Comments (Atom)
जीवन सफ़र
सबके अपने रास्ते अपने अपने सफ़र रास्तों के काँटे अपने अपने अपने दर्द अपनी अपनी मंज़िल अपना अपना दुख अपनी अपनी चाहते अपना अपना सुख सबकी अप...
-
वो कहते हैं ग़रीबी कम हुई है जानते हो कहाँ कम हुई है बस आकड़ों में कम हुई है क्यों कि उन्होंने तय कर दिय...
-
पास आ कातिल मेरे मुझमें जान आने दे , जान ले लेना पर थोडा तो संभल जाने दे। तू तसव्वुर में मेरे रहा है बरसों से ,...
-
मैं समंदर हूं कि हवा हूं मैं; नहीं हूं खुद में तो कहाँ हूं मैं| लम्हें वो जिनको ज़ी नहीं पाया; उन ही लम्हों को जोड़ता हूँ मैं| ...
बहुत खूबसूरत!!!!
ReplyDeleteप्रेम घटित होता है यूँ ही...अकारण...बेवजह....
वाह ...
अनु
आभार !!!
DeleteHAPPY VALENTINE'S DAY ,,I COMMENTED CHECK SPAM
ReplyDeleteI wish same to you too
Deleteशुक्रिया आपकी टिपण्णी का .शुभ हो वसंत का हर दिन .
ReplyDeleteहाँ प्रेम होता है ,बस होता है,
ReplyDeleteकोई हंसता है कोई रोता है .
शुक्रिया आपकी टिपण्णी का .